
रमेश राजपूत

बिलासपुर- केंद्र की नीतियों के खिलाफ प्रदेश में कांग्रेस पार्टी विरोध में उतर चुकी है, 2500 रुपए समर्थन मूल्य पर धान खरीदी की घोषणा चुनाव के दौरान की गई थी, जिसे पूरा करने में सरकार लगी हुई है। प्रदेश कांग्रेस सरकार के इस निर्णय में केंद्र सरकार ने अपनी असहमति जताई है और यह बात भी सामने आई है कि अगर 2500 रुपए समर्थन मूल्य में धान की खरीदी छत्तीसगढ़ सरकार करती है तो केंद्र राज्य से सेंट्रल पूल में की जाने वाली 25 लाख मीट्रिक टन चावल की खरीदी नही करेगा। केंद्र सरकार के इस किसान विरोधी निर्णय से कांग्रेस पार्टी अब सामने आकर विरोध कर रही है और केंद्र सरकार की किसान विरोध इस निर्णय से जनता को अवगत करा रही है।

समर्थन मूल्य से उपजा विवाद अब बड़ा रूप ले चुका है, जिसमे केंद्र की तमाम जन विरोधी नीतियों का विरोध कांग्रेस कर रही है। जिसमें बेरोजगारी, बढ़ती महंगाई, असफल उज्ज्वला गैस योजना, गिरती अर्थ व्यवस्था, असफल बैंकिंग व्यवस्था, कृषि संकट, आर सेप पर हमला प्रमुखरूप बिंदु है। शुक्रवार को पूरे प्रदेश में यह धरना प्रदर्शन किया गया, जिला मुख्यालय बिलासपुर में भी कांग्रेसी सड़क पर उतरे, इस दौरान पुराना बस स्टैंड चौक के पास शहर कांग्रेस कमेटी के द्वारा धरना प्रदर्शन किया गया, जिसमें पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं राष्ट्रीय प्रवक्ता व प्रदेश पर्यवेक्षक भक्त चरणदास भी शामिल हुए, इस दौरान उन्होंने केंद्र सरकार की इन जन विरोधी नीतियों से जनता को अवगत कराने पार्टी कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियो से आह्वान किया

और केंद्र सरकार की खूब खिंचाई की, जहाँ उन्होंने कहा कि देश मे या तो मोदी या तालाबंदी भाजपा की पहचान बन चुकी है। इस दौरान बिलासपुर विधायक शैलेष पाण्डेय ने कहा कि केंद्र सरकार की जन विरोधी नीतियाँ देश के लिए अहितकारी है, जिसका विरोध कांग्रेस कर रही है और 13 नवम्बर को बड़ी संख्या में प्रदेश के कांग्रेस कार्यकर्ता दिल्ली के लिए रवाना होंगे और वहां हक की मांग कर इन नीतियों का विरोध करेंगे। इस दौरान बड़ी में कांग्रेस कमेटी के पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता यहाँ उपस्थित रहे।