
रमेश राजपूत
दुर्ग – भिलाई-दुर्ग क्षेत्र में लंबे समय से सक्रिय एक राज्यस्तरीय दोपहिया वाहन चोरी गिरोह का पुलिस ने पर्दाफाश करते हुए बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए गिरोह के तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है और उनके कब्जे से कुल 31 चोरी के दोपहिया वाहन बरामद किए हैं, जिनकी अनुमानित कीमत लगभग 31 लाख रुपये बताई जा रही है। पुलिस के अनुसार वर्ष 2024 से भिलाई-दुर्ग क्षेत्र में लगातार दोपहिया वाहनों की चोरी की घटनाएं सामने आ रही थीं। विशेष रूप से बीएसपी मुख्य गेट स्थित पार्किंग और भिलाई-भट्टी इलाके को आरोपियों द्वारा लगातार निशाना बनाया जा रहा था। घटनाओं की बढ़ती संख्या को देखते हुए पुलिस ने प्रकरणों की समीक्षा, तकनीकी साक्ष्यों के विश्लेषण और मुखबिर सूचना के आधार पर कार्रवाई की रणनीति तैयार की। जांच के दौरान पुलिस ने मुख्य आरोपी ई. पापा राव को चिन्हित कर गिरफ्तार किया। पूछताछ में आरोपी ने खुलासा किया कि वह चोरी किए गए वाहनों को जशपुर जिले के कुनकुरी क्षेत्र में ले जाकर अपने सहयोगियों के माध्यम से बेच देता था। इस काम में उसके साथ मनोज राम और राम सेवक प्रजापति उर्फ रवि सहित अन्य सहयोगी शामिल थे। पुलिस ने इन दोनों आरोपियों को भी गिरफ्तार कर लिया है, जबकि अन्य संदिग्धों की तलाश जारी है।

जांच में यह भी सामने आया कि मुख्य आरोपी ने भोपाल से मैकेनिकल इंजीनियरिंग में डिप्लोमा किया हुआ है और वह खास तौर पर लोकप्रिय मॉडलों जैसे होंडा साइन सहित अन्य वाहनों को निशाना बनाता था। गिरोह बेहद सुनियोजित तरीके से पार्किंग स्थलों की रेकी करता और मौका मिलते ही वाहन पार कर देता था। बरामद वाहनों में भिलाई-भट्टी क्षेत्र की 13, छावनी थाना क्षेत्र की 3, रायपुर क्षेत्र की 2 तथा अन्य बिना दस्तावेज वाले वाहन भी शामिल हैं। मामले में संबंधित धाराओं के तहत वैधानिक कार्रवाई जारी है। पुलिस ने इस सफलता का श्रेय थाना स्टाफ, साइबर सेल टीम और विशेष जांच दल को दिया है। साथ ही नागरिकों से अपील की गई है कि वाहन सुरक्षित स्थान पर लॉक कर रखें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत पुलिस को दें।