
हर बार की तरह रेलवे पुलिस इस बार भी सांप के गुजरने के बाद लाठी पीटती नजर आ रही है
ठा. उदय सिंह
बिलासपुर रेलवे स्टेशन को हवाई अड्डों की तरह आधुनिक बनाने के साथ सुरक्षा के बड़े-बड़े दावे किए जाते हैं। यह बताया जाता है कि यहां चप्पे-चप्पे पर सीसीटीवी और आरपीएफ, जीआरपी की निगाह है , लेकिन हकीकत क्या है वह एक बार बुधवार को फिर से पता लग गया। चारों तरफ से खुला स्टेशन किसी भी लिहाज से सुरक्षित नहीं है और इसी वजह से अपराधियों के हौसले इस कदर बुलंद है कि वे दिन दहाड़े भीड़ के बीच वारदात को अंजाम देकर आसानी से रफू चक्कर हो जाते हैं। बुधवार को बिलासपुर रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर 5 पर हावड़ा अहमदाबाद एक्सप्रेस का इंतजार कर रही महिलाओं में से एक का पर्स लूटकर लुटेरा प्लेटफॉर्म नंबर पांच के दूसरी ओर से पोर्टर खोली की तरफ भाग गया। घटना से हड़बड़ाई महिलाओं को पहले तो कुछ समझ में नहीं आया फिर भी उन्होंने इसकी शिकायत टीटीई से की ,जो उन्हें लेकर आरपीएफ थाने पहुंचे लेकिन आरपीएफ ने मामले से पल्ला झाड़ते हुए उन्हें जीआरपी के पास भेज दिया। जीआरपी भी प्लेटफॉर्म नंबर 5 के सीसीटीवी फुटेज ही तलाशती रही लेकिन कैमरे निहायत इस कदर बेकार है कि उसमें अपराधी का चेहरा नजर ही नहीं आ रहा ।लेकिन यह जरूर दिख रहा कि घटना को अंजाम देने वाले युवक ने क्या कुछ किया। महिला ने जीआरपी में शिकायत दर्ज कराई है जिसमें उन्होंने बताया कि पर्स में 2 तोला सोने का चेन 12,000 नगद और एक मोबाइल मौजूद था। रेलवे पुलिस सीसीटीवी फुटेज के आधार पर लुटेरे को तलाश रही है लेकिन हमेशा की तरह सीसीटीवी फुटेज जिस तरह धुंधले आए हैं उससे लगता नहीं कि वह चोर तक पहुंच पाएगी। हर बार की तरह रेलवे पुलिस इस बार भी सांप के गुजरने के बाद लाठी पीटती नजर आ रही है।