
उदय सिंह

जांजगीर चाम्पा- मालखरौदा थाना क्षेत्र के हरदी निवासी प्रमोद तिवारी की बेटी अंजली तिवारी का विवाह 7 जुलाई 2019 को सामाजिक रीति रिवाज के साथ बिलासपुर अशोक विहार निवासी डॉ. आशीष पाण्डेय पिता पवन पाण्डेय के साथ हुआ था । पीड़िता का आरोप है कि शादी के दौरान उसके पिता द्वारा दहेज में 15 तोला सोने के जेवर व 2 लाख रूपये दिए गए, लेकिन शादी के दौरान ही उसके पति व ससुराल पक्ष के लोगों द्वारा 5 लाख रुपये की मांग की गई, ऐसे में पीड़िता के मायके पक्ष के लोगों ने जैसे तैसे रूपयों की व्यवस्था कर उसके ससुराल वालों को पैसे दिए शादी के बाद अंजली अपने पति के साथ ससुराल में रहने लगी,

लेकिन पति डॉ . आशीष पाण्डेय , ससुर पवन पाण्डेय , सास प्रतिभा पाण्डेय व देवर आदित्य पाण्डेय द्वारा दहेज में रूपयों की मांग करते हुए उसके साथ मारपीट करने लगे प्रताड़ना से तंग आकर पीडिता ने इसकी जानकारी अपने पिता को फोन पर दी, जिससे नाराज़ होकर ससुराल पक्ष के द्वारा उसके साथ फिर से मारपीट कर घर से बाहर निकाल दिया गया, तब पीड़िता ने अपने बिलासपुर निवासी परिजन को जानकारी देकर उनके साथ मायके हरदी लौट आई । लगातार पति और ससुराल पक्ष के लोगों की प्रताड़ना से तंग आकर विवाहिता ने इसकी जानकारी थाना पहुंचकर पुलिस को दी है, जिसके बाद पुलिस ने प्रार्थिया की रिपोर्ट पर आरोपी पति डॉ.आशीष पाण्डेय , ससुर पवनपाण्डेय , सास प्रतिभा पाण्डेय, देवर आदित्य पाण्डेय के खिलाफ भादवि की धारा 498 क के तहत जुर्म दर्ज कर विवेचना में जुट गई है।
लगातार की जा रही थी पैसो की मांग…
पीड़िता ने बताया कि बार बार पैसो की मांग की जा रही थी और शारीरिक, मानसिक तौर पर प्रताड़ना दी जा रही थी,

शादी के कुछ दिनों बाद ही 10 लाख रुपए मांगे गए थे, तब भी पीड़िता के पिता ने रिश्तेदारों से कर्ज लेकर 7 लाख रुपए दिए थे, इसके बाद भी ससुराल पक्ष के लोग पीड़िता को प्रताड़ित करते रहे।बंधक बनाकर कर रखा जाता था घर मेंपीड़िता के अनुसार शादी के बाद से ही उसके ससुराल वाले उसके साथ बुरा व्यवहार करते थे, पति आशीष द्वारा उसे कमरे में बंद कर रखा जाता था, साथ ही सास, ससुर और देवर मिलकर उसे प्रताड़ित करते थे।