
डॉक्टर हो या फिर सरकार ,दोनों का ही अंतिम उद्देश्य आम आदमी की सेवा करना है। इसलिए जल्द ही ऐसे नियम बनाए जाएंगे जिसका पालन करना सबके लिए सहज सरल हो

बिलासपुर प्रवीर भट्टाचार्य
रविवार को बिलासपुर में आईएमए छत्तीसगढ़ शाखा के 14 में राज्य स्तरीय सम्मेलन का आयोजन एक निजी होटल में किया गया। इस दौरान वर्ष 2019 की राज्य कार्यकारिणी ने शपथ भी ग्रहण किया। कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि प्रदेश के मुखिया भूपेश बघेल शामिल हुए ।उनके अलावा आई एम ए हेड क्वार्टर नई दिल्ली से राष्ट्रीय महासचिव डॉ अशोकन और आईएमए के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ राजेश शर्मा भी पहुंचे ।मुख्य मंत्री को अपने बीच पाकर प्रदेश के चिकित्सकों ने अपनी कई महत्वपूर्ण मांगे उनके समक्ष रखी, जिनमें नर्सिंग होम एक्ट में सुधार की बातें प्रमुख रही। मुख्यमंत्री ने चिकित्सको की मांग और संशोधन पर मिले सुझावों पर जल्द ही निर्णय लेने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि चिकित्सकों ने जो मांगे रखी है वे कांग्रेस के घोषणापत्र में पहले से ही शामिल थे इसलिए उन्हें पूरा करना ही है ।उन्होंने यह भी माना कि डॉक्टरों की सभी मांगे जायज है ।डॉक्टर हो या फिर सरकार ,दोनों का ही अंतिम उद्देश्य आम आदमी की सेवा करना है। इसलिए जल्द ही ऐसे नियम बनाए जाएंगे जिसका पालन करना सबके लिए सहज सरल हो। नियम बनाने के दौरान इस बात का भी ध्यान रखा जाएगा कि नियमों से स्वास्थ्य सेवाओं पर प्रतिकूल असर ना पड़े। नियम ऐसे बनाये जाएंगे जिससे स्वास्थ्य सेवा और बेहतर हो । नियमों का उद्देश्य ऐसा होना चाहिए कि नियमों के जाल में फंसा कर किसी को परेशान न किया जाए । उन्होंने यहाँ संकेत दिया कि 50 बिस्तर से कम क्षमता वाले अस्पताल नर्सिंग होम एक्ट के दायरे से बाहर रखे जाएंगे।
आई एम ए छत्तीसगढ़ राज्य शाखा के राज्य स्तरीय सम्मेलन और शपथ ग्रहण समारोह में नवनिर्वाचित राज्य कार्यकारिणी के अध्यक्ष के रूप में डॉक्टर हेमंत चटर्जी ,प्रदेश उपाध्यक्ष के रूप में डॉ महेश सिन्हा, डॉ श्याम अग्रवाल और प्रदेश सचिव के रूप में डॉ कौशलेंद्र ठाकुर ने शपथ ली। देशभर में आईएमए के करीब 3 लाख 35 हज़ार सदस्य हैं, जिनके द्वारा हर वर्ष इस तरह की बैठक कर चिकित्सा सेवा के दौरान आने वाली समस्याओं पर चर्चा की जाती है, साथ ही उन समस्याओं के निराकरण की भी तलाश करते हुए सरकार के साथ किस तरह डील की जाए इस पर भी महत्वपूर्ण चर्चा होती है। इस राज्य स्तरीय सम्मेलन में भी ऐसे ही मुद्दों पर सदस्यों ने अपनी राय रखी।
इस दो दिवसीय आयोजन के दौरान आईएमए के सदस्यों ने अलग-अलग विषयों पर अपनी बात रखी । चिकित्सा के क्षेत्र में शुमार हो रही नित नई तकनीक और पद्धति का ज्ञान भी यहां साझा किया गया। साथ ही विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने के लिए चिकित्सकों और राज्य की विभिन्न शाखाओं को उत्कृष्ट समाज सेवा के लिए पुरस्कृत किया गया ।इस मौके पर प्रदेश के चिकित्सकों के अलावा कई गणमान्य अतिथि मौजूद रहे ।