
आरक्षक ने महिला से संपर्क कर उन्हें थाने बुलाया और फिर ससम्मान महिला को उनका पर्स वापस लौटा दिया

बिलासपुर प्रवीर भट्टाचार्य
आमतौर पर पुलिस की छवि ईमानदार और सहयोगी नहीं मानी जाती , लेकिन विभाग में ऐसे कई पुलिसकर्मी है जो अपनी कार्यशैली से इस धारणा को मिथ्या साबित करते हैं। रविवार को भी ऐसा अवसर उस वक्त आया जब तार बाहर थाने के आरक्षक प्रमोद कसेर को पेट्रोलिंग के दौरान रेलवे ग्राउंड के पास लावारिस पड़ा एक लेडिस पर्स मिला। पर्स की जांच में पर्स में एटीएम कार्ड ,ड्राइविंग लाइसेंस ,परिचय पत्र और कुछ जरूरी कागजातों के अलावा 10,000 रुपये नगद मिले। पर्स में मौजूद डॉक्यूमेंट के आधार पर पर्स सरकंडा निवासी श्वेता गुप्ता का होना पाया गया। जिसके बाद आरक्षक ने महिला से संपर्क कर उन्हें थाने बुलाया और फिर ससम्मान महिला को उनका पर्स वापस लौटा दिया। अपना पर्स गुम जाने से परेशान श्वेता गुप्ता पुलिस के इस पहल से बेहद प्रभावित और खुश नजर आई। उन्होंने अपनी खुशी का इजहार करते हुए पुलिस को बार-बार धन्यवाद दिया। ऐसे नजारे पुलिस थाने में बहुत कम देखे जाते हैं।