
रमेश राजपूत
जांजगीर चाम्पा – अंतरराष्ट्रीय बाल दिवस के अवसर पर यूनिसेफ द्वारा संचालित बाल सशक्तिकरण कार्यक्रम के तहत जांजगीर-चांपा जिले में विशेष आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में शासकीय उच्चतर माध्यमिक शाला बनारी की कक्षा 12वीं की छात्रा संतोषी धीवर ने 15 मिनट की एसपी (SP) के रूप में जिम्मेदारी संभाली और महत्वपूर्ण प्रशासनिक कार्यों का संपादन किया। एक दिवसीय एसपी के रूप में संतोषी धीवर ने दो प्रमुख आदेश जारी किए। पहला स्कूल एवं कॉलेज परिसरों के आसपास संचालित पान ठेला, गुमटी एवं अन्य दुकानों को कम से कम 100 से 200 मीटर की दूरी पर संचालित करने का निर्देश दिया, ताकि छात्र-छात्राओं के लिए सुरक्षित एवं अनुशासित शैक्षणिक वातावरण सुनिश्चित किया जा सके।

दूसरा पुलिस लाइन में लम्बे समय से सुरक्षित दो शासकीय मोटरसाइकिलों की नीलामी हेतु प्रकरण को आईजी कार्यालय को अग्रेषित करने के लिए पत्र पर हस्ताक्षर कर स्वीकृति प्रदान की गई। इस अवसर पर डीएसपी कविता ठाकुर एवं सीएसपी योगिताबाली खापर्डे ने जिले में संचालित साइबर सुरक्षा, महिला एवं बच्चों की सुरक्षा तथा यातायात शाखा द्वारा किए जा रहे महत्वपूर्ण कार्यों की जानकारी बच्चों को दी। साथ ही पुलिस लाइन की कार्यप्रणाली, कंट्रोल रूम की कार्यशैली और दैनिक प्रशासनिक व्यवस्थाओं का भी अवलोकन कराया गया।

अंतरराष्ट्रीय बाल दिवस हर वर्ष 20 नवंबर को बच्चों के अधिकारों की सुरक्षा, उनके विकास, सहयोग और सहभागिता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से मनाया जाता है। इस पहल ने बच्चों में नेतृत्व क्षमता, जिम्मेदारी और कानून व्यवस्था की समझ को मजबूत किया। जांजगीर-चांपा पुलिस द्वारा आयोजित यह अनूठा कार्यक्रम बच्चों के उज्ज्वल भविष्य की दिशा में एक प्रेरणादायक कदम साबित हुआ।