
सामाजिक सरोकारों को भी ध्यान में रखते हुए आर्थिक रूप से कमजोर , विकलांग और दिव्यांगों को सहायक उपकरण और सहायता राशि प्रदान की जाएगी

बिलासपुर प्रवीर भट्टाचार्य
श्री सोलापुरी माता पूजा सेवा समिति द्वारा 19वें वर्ष सोलापुरी माता पूजा का आयोजन किया जा रहा है। देवी स्थापना से पहले शुक्रवार शाम को देवी की भव्य शोभायात्रा निकाली गई। इससे पहले खड़कपुर से आए पुजारी पार्थसारथी ने गीली हल्दी से मा सोलापुरी की प्रतिमा का निर्माण किया। जिनका भव्य श्रृंगार करते हुए मोगरे की फूलों की माला और नींबू से उन्हें अलंकृत किया गया। शाम करीब 6:00 बजे न्यू लोको कॉलोनी स्थित त्रिपुर सुंदरी मां मरी माई मंदिर से देवी की भव्य शोभायात्रा निकली। गाजे-बाजे, दक्षिण भारतीय डफली और माता के जयकारे के साथ निकली शोभायात्रा में देवी की प्रतिमा को बारी बारी से बाल पुजारी अपने शीश पर धारण कर शोभा यात्रा की अगुवाई करते रहे। पारंपरिक ताशा, ढफली की स्वर लहरी सुनकर मां के भक्त सड़क के दोनों ओर इकट्ठा होते देखे गए। देवी के आगमन पर उनके स्वागत के लिए लोगों ने सड़कों पर जल का छिड़काव किया । वस्त्र बिछाकर मार्ग को निष्कंटक किया और देवी के स्वागत में नीम की टहनियों का वंदनवार सजाया। देवी के स्वागत के लिए पूरे रास्ते भर आकर्षक रंगोलियां बनाई गई। न्यू लोको कॉलोनी मरी माई मंदिर से निकल कर यह शोभायात्रा पोर्टर खोली, आरपीएफ कॉलोनी , बापू उपनगर, एन इ कॉलोनी, तोरवा चौक, आरटीएस कॉलोनी, बुधवारी बाजार लाइन, बंगला यार्ड, बड़ा गिरजा चौक, कंस्ट्रक्शन कॉलोनी, तारबाहर नाका, कंस्ट्रक्शन कॉलोनी शिव मंदिर लाइन से वायरलेस कॉलोनी, ड्राइवर लाइन होते हुए पूजा पंडाल तक पहुंची । रास्ते भर जगह-जगह भक्तों ने इस शोभायात्रा का स्वागत किया। आरती की थाल सजाए और पवित्र जल का कलश लेकर अपने द्वार पर भक्त

प्रतीक्षारत रहे। जैसी ही देवी का आगमन हुआ , महिलाओं ने जल अर्पित करते हुए उनकी आरती उतारी। वहीं देवी का आशीर्वाद प्राप्त करने छोटे बड़े नर नारी सभी सड़क पर लेट गए और देवी को अपने ऊपर से गुजरने दिया। मान्यता है कि ऐसा करने से सोलापुरी माता की कृपा हमेशा बनी रहती है । शोभा यात्रा के दौरान एन ई कॉलोनी चौक, आरटीएस कॉलोनी, बड़ा गिरजा चौक, तार बहार नाका, वायरलेस कॉलोनी में शोभा यात्रा का स्वागत करते हुए शोभायात्रा में शामिल भक्तों को फल, मिठाई ,शरबत, जल आदि का वितरण किया गया। देवी के आगमन के लिए लोगों ने पूरे मार्ग में आकर्षक रंगोलियां सजाई थी। शाम से लेकर मध्य रात्रि तक लोग अपने द्वार पर देवी के आगमन की प्रतीक्षा करते रहे और जैसे ही शोभा यात्रा उनके दरवाजे पर पहुंची उन्होंने देवी की आरती उतारी। इस तरह से पूरे रेलवे क्षेत्र का भ्रमण करते हुए यह शोभायात्रा मध्य रात्रि में 12 खोली स्टेशन रोड स्थित पूजा पंडाल पहुंची। जहां पुजारी पार्थसारथी ने वैदिक मंत्रोच्चार के साथ देवी की स्थापना की। इसी के साथ यहां 10 दिवसीय सोलापुरी माता पूजा का आरंभ हुआ। 28 अप्रैल तक रोजाना देवी के अलग-अलग रूपों की पूजा अर्चना की जाएगी। प्रतिदिन सुबह 8:30 बजे और शाम 9:00 बजे देवी के अलग-अलग रूपों की पूजा अर्चना और आरती की जाएगी। भक्तों को भी देवी के विभिन्न रूपों का दर्शन आयोजन के दसों दिनों में होगा । मां को हर दिन अलग प्रकार के व्यंजन का भोग अर्पित किया जाएगा जिन्हें भक्तों में वितरित करेंगे । वहीं बच्चों और महिलाओं को निशुल्क कूपन भी समिति की ओर से प्रदान किया जाएगा जिनका लकी ड्रॉ निकाल कर उन्हें उपहार प्रदान किए जाएंगे । आयोजन समिति के अध्यक्ष व्ही रामाराव ने यह जानकारी देते हुए बताया कि आने वाले 10 दिनों में समिति का प्रयास होगा कि बिलासपुर में देवी के उन रूपों की स्थापना की जाए जिनके दर्शन अब तक नगर वासियों ने नहीं किया है । वहीं सामाजिक सरोकारों को भी ध्यान में रखते हुए आर्थिक रूप से कमजोर , विकलांग और दिव्यांगों को सहायक उपकरण और सहायता राशि प्रदान की जाएगी। इस शोभायात्रा में आयोजन समिति के अध्यक्ष वी रामाराव ,सचिव एस आई भास्कर, आरके राव पी हरिकृष्णा आर रविशंकर बी मोहन राव केएन मूर्ति जे दामोदर राव जी काशी राव, डी हेमंत कुमार सी नवीन कुमार पी शंकर राव जी वी नरसिम्हा मूर्ति राजेश कुमार संदीप कुमार मुरली सूरी पीएस मूर्ति डॉली, एस साईं भवानी साईं दिव्या साईं कोमल अंबिका सिंह डी भवानी सरिता आरती कविता मनीषा सुमन एंटी हिना रजक समेत सैकड़ों वॉलिंटियर्स और माता के भक्त शामिल रहे।