
रमेश राजपूत
जांजगीर-चांपा – जिले के मुलमुला थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम खपरी में हुए बुजुर्ग दंपति के दोहरे हत्याकांड का पुलिस ने महज 48 घंटे के भीतर सनसनीखेज खुलासा कर दिया है। इस हत्याकांड ने पूरे इलाके को दहला दिया था। पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपियों ने घर में चोरी की नीयत से घुसकर वारदात को अंजाम दिया और पहचान छिपाने के लिए नकली बाल, टोपी, मास्क और मुखौटे का इस्तेमाल किया। मामला 1 अप्रैल 2026 की सुबह सामने आया, जब ग्राम खपरी निवासी संतराम साहू 70 वर्ष और उनकी पत्नी श्यामबाई साहू 65 वर्ष के शव उनके घर में खून से लथपथ हालत में मिले। सूचना मिलते ही मुलमुला पुलिस मौके पर पहुंची और वरिष्ठ अधिकारियों को अवगत कराया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक विजय कुमार पाण्डेय स्वयं घटनास्थल पहुंचे और तत्काल साइबर टीम, फॉरेंसिक एक्सपर्ट, डॉग स्क्वॉड और फिंगरप्रिंट टीम को जांच में लगाया गया। जांच के दौरान पुलिस ने गांव और आसपास के संदिग्ध युवकों की गतिविधियों पर नजर रखी। इसी दौरान पुलिस को पता चला कि ग्राम खपरी निवासी गजेन्द्र पाल दिनकर घटना के बाद से गांव से फरार है। साइबर टीम ने तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर गजेन्द्र को उसके ससुराल नवागांव, थाना मल्हार से हिरासत में लिया। पूछताछ में उसके हाथ की उंगलियों पर गहरे कट के निशान मिले, जिससे पुलिस का शक और गहरा गया।

कड़ाई से पूछताछ करने पर उसने पूरे हत्याकांड का राज उगल दिया। पुलिस के मुताबिक, गजेन्द्र पाल दिनकर और सुरेन्द्र यादव ने मिलकर बुजुर्ग दंपति के घर में चोरी की योजना बनाई थी। सुरेन्द्र पहले मृतक परिवार के यहां शादी समारोह में वीडियोग्राफी कर चुका था, इसलिए उसे मालूम था कि घर में पैसे और जेवर हैं तथा बुजुर्ग दंपति अकेले रहते हैं। दोनों आरोपी रात में छत के रास्ते घर में घुसे, लेकिन संतराम साहू के जाग जाने पर हालात बिगड़ गए। इसके बाद सुरेन्द्र यादव ने चाकू से संतराम साहू पर प्राणघातक हमला कर दिया। शोर सुनकर जागी श्यामबाई साहू पर गजेन्द्र ने गले और चेहरे पर धारदार हथियार से हमला कर मौत के घाट उतार दिया। हत्या के बाद आरोपियों ने महिला के गले से सोने का हार और पैरों से चांदी की पायल लूट ली। वारदात में श्यामरतन दिनकर ने घर के बाहर रेकी की और लूटा गया सोने का हार अपने पास छिपा लिया। वहीं विजेन्द्र पाल दिनकर ने घटना की जानकारी होने के बावजूद अपने भाई गजेन्द्र को मोटरसाइकिल से भागने में मदद की। पुलिस ने चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। उनके कब्जे से दो चाकू, सोने का हार, चांदी की पायल और घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल जब्त की गई है। इस पूरे हत्याकांड का खुलासा मुलमुला थाना और साइबर थाना की संयुक्त टीम ने किया, जिसे पुलिस की बड़ी सफलता माना जा रहा है।