
उदय सिंह
गौरेला-पेंड्रा-मरवाही – जिले के मरवाही थाना क्षेत्र में शनिवार को दिनदहाड़े हुई अपहरण की वारदात ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है। ग्राम उषाढ में दो अज्ञात बदमाश पुलिसकर्मी बनकर पहुंचे और एक व्यवसायी को पिस्तौल दिखाकर जबरन कार में बैठाकर फरार हो गए। वारदात के बाद क्षेत्र में दहशत का माहौल है। घटना का सीसीटीवी फुटेज सामने आने के बाद पुलिस आरोपियों की पहचान में जुट गई है। मिली जानकारी के अनुसार ग्राम उषाढ निवासी गिरीश यादव किराना दुकान, छड़-सीमेंट व्यवसाय और आटा चक्की का संचालन करते हैं। शनिवार दोपहर करीब 11 बजे गिरीश यादव अपने घर के गलियारे में आराम कर रहे थे। वहीं उनका बेटा पंकज यादव दुकान पर मौजूद था। इसी दौरान नीले रंग की एक कार में सवार दो युवक वहां पहुंचे। बताया जा रहा है कि बदमाशों ने पहले दुकान पर मौजूद पंकज यादव से उसके पिता गिरीश यादव के बारे में जानकारी ली। इसके बाद दोनों सीधे घर के अंदर पहुंचे। उन्होंने गिरीश यादव को जगाया और खुद को पुलिसकर्मी बताते हुए पूछताछ करने लगे।
इसी दौरान आरोपियों ने स्टील रंग की पिस्तौल निकाल ली और गिरीश यादव को धमकाते हुए अपने साथ चलने को कहा। विरोध करने पर बदमाशों ने उन्हें पैर में गोली मारने की धमकी दी और जबरन कार में बैठा लिया। इसके बाद दोनों आरोपी कार लेकर मौके से फरार हो गए। अचानक हुई इस घटना से परिवार में हड़कंप मच गया। घटना की जानकारी मिलते ही गिरीश यादव के परिजन और ग्रामीणों ने आरोपियों का पीछा करने की कोशिश की। व्यवसायी के छोटे भाई ने बरौर क्षेत्र में कार को रोकने का प्रयास भी किया, लेकिन बदमाश तेज रफ्तार से वाहन चलाते हुए मरवाही की ओर भाग निकले। पूरी वारदात आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों में रिकॉर्ड हो गई है। फुटेज में संदिग्धों की गतिविधियां कैद हुई हैं, जिसके आधार पर पुलिस उनकी पहचान करने में जुटी है। सूचना मिलने के बाद मरवाही पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए अपहरण का मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार मामले को गंभीरता से लिया जा रहा है। सीसीटीवी फुटेज की जांच, संदिग्धों की तलाश और संभावित ठिकानों पर दबिश देने की कार्रवाई जारी है। पुलिस का दावा है कि जल्द ही आरोपियों तक पहुंचने का प्रयास किया जा रहा है और व्यवसायी की सुरक्षित बरामदगी को प्राथमिकता दी जा रही है। दिनदहाड़े हुई इस वारदात ने कानून व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। फिलहाल पूरे क्षेत्र की निगाहें पुलिस की कार्रवाई और व्यवसायी की सकुशल वापसी पर टिकी हुई हैं।