
रमेश राजपूत
बिलासपुर – शहर में महिलाओं को अकेला पाकर चैन स्नैचिंग और लूट की वारदातों को अंजाम देने वाले अंतर्राज्यीय गिरोह का बिलासपुर पुलिस ने पर्दाफाश किया है। थाना तोरवा और सिरगिट्टी क्षेत्र में हुई तीन वारदातों का खुलासा करते हुए पुलिस ने ओडिशा के रहने वाले सहित कुल 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ संगठित अपराध और आपराधिक षड्यंत्र की धाराएं जोड़कर कार्रवाई की है।मामले का खुलासा तब हुआ जब 15 मई को शिवधाम कॉलोनी निवासी एक महिला ने तोरवा थाने में शिकायत दर्ज कराई थी कि सुबह करीब 6 बजे घर के बाहर सफाई करने के दौरान स्कूटी सवार तीन युवकों ने उसके गले से सोने की चैन छीन ली और फरार हो गए। घटना की गंभीरता को देखते हुए विशेष टीम गठित की गई। जांच के दौरान पुलिस ने घटनास्थल और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले। फुटेज में बिना नंबर की नीली स्कूटी पर संदिग्धों की गतिविधियां सामने आईं। इसी दौरान सिरगिट्टी क्षेत्र में महिला से मारपीट कर चैन लूटने की घटना भी सामने आई। दोनों घटनाओं के तरीके और आरोपियों के हुलिये में समानता मिलने पर पुलिस ने इसे एक ही गिरोह की करतूत माना।

पुलिस ने मुखबिर सूचना और तकनीकी विश्लेषण के आधार पर गणेश नगर, सिरगिट्टी निवासी नवीन साहू को हिरासत में लिया। पूछताछ में उसने कबूल किया कि उसने ओडिशा निवासी अपने साथियों को बिलासपुर बुलाकर अपने घर में ठहराया था और सभी मिलकर चैन स्नैचिंग व लूट की वारदातों को अंजाम देते थे। पुलिस कार्रवाई में शिव सिंह, शक्ति प्रसाद, नवीन साहू, प्रमोद सिंह, अतुल मुंडा और बसंता खड़िया को गिरफ्तार किया गया। आरोपियों ने तोरवा और सिरगिट्टी थाना क्षेत्रों में तीन महिलाओं को निशाना बनाकर लूट की घटनाएं करना स्वीकार किया है। पुलिस ने घटना में प्रयुक्त बिना नंबर की स्कूटी जब्त की है।
जांच में सामने आया कि यह गिरोह ओडिशा से आकर अलग-अलग राज्यों में स्थानीय सहयोगियों की मदद से महिलाओं को निशाना बनाता था। पुलिस अब गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश में जुटी है।