
जुगनू तंबोली
बिलासपुर – रतनपुर-पेंड्रा मुख्य मार्ग पर रविवार को एक बड़ा सड़क हादसा टल गया। पेंड्रा से यात्रियों को लेकर बिलासपुर लौट रही पुष्पराज बस अचानक बांसाझाल चपोरा आश्रम के पास नाले पर बनी पुलिया के बीचों-बीच फंस गई। पुल के क्षतिग्रस्त होकर टूट जाने से बस आगे नहीं बढ़ सकी। घटना के समय बस में करीब 35 यात्री सवार थे। गनीमत रही कि सभी यात्रियों ने समय रहते बस से बाहर निकलकर अपनी जान बचा ली और किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई। मिली जानकारी के अनुसार पुष्पराज बस क्रमांक CG 10 G 1464 रविवार को पेंड्रा से बिलासपुर की ओर आ रही थी। जैसे ही बस बांसाझाल चपोरा आश्रम के समीप नाले पर बनी पुलिया पर पहुंची, पुल का बीच का हिस्सा अचानक धंस गया। बस उसी स्थान पर फंस गई और यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई। कुछ देर के लिए मौके पर दहशत का माहौल बन गया और लोगों की सांसें थम गईं।
बस चालक और परिचालक की सूझबूझ से सभी यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार बस पलटने से बड़ा हादसा हो सकता था। घटना की सूचना मिलते ही आसपास के ग्रामीण और राहगीर मौके पर पहुंच गए तथा राहत कार्य में मदद की। पुल टूटने के बाद बिलासपुर-पेंड्रा मार्ग पर यातायात पूरी तरह बाधित हो गया है। यह पुल इस मार्ग का प्रमुख संपर्क मार्ग है, जिससे दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस स्थान पर नए पुल का निर्माण कार्य लंबे समय से चल रहा है, लेकिन अब तक पूरा नहीं हो सका है। यदि नया पुल समय पर तैयार हो जाता तो इस तरह की स्थिति से बचा जा सकता था। घटना के बाद प्रशासन और संबंधित विभाग को पुल की स्थिति की जानकारी दे दी गई है। फिलहाल मार्ग पर आवाजाही बंद है और वैकल्पिक व्यवस्था किए जाने की संभावना जताई जा रही है। इस घटना ने एक बार फिर सड़क और पुलों की गुणवत्ता तथा निर्माण कार्यों में हो रही देरी पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। यात्रियों ने भी समय रहते सुरक्षित बच निकलने पर राहत की सांस ली, लेकिन इस हादसे ने सभी को झकझोर कर रख दिया।