
उदय सिंह
एक तो गरीबी और लाचारी। ऊपर से कर्ज और पत्नी की बीमारी। चौतरफा समस्याओं से ग्रस्त होकर अश्वनी श्रीवास ने मौत को गले लगाना ही बेहतर समझा । घटना बिलासपुर से करीब 16 किलोमीटर दूर सकरी थाना क्षेत्र के ग्राम चोर भट्टी कला की है, यहां रहने वाले अश्वनी श्रीवास ने सोमवार तड़के फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। बताया जा रहा है कि गरीबी के चलते वह कर्ज के बोझ तले दबा हुआ था। उसकी पत्नी लंबे वक्त से बीमार थी और इसी कारण से कर्ज लेकर इलाज कराना पड़ रहा था। वही उस पर कर्ज चुकाने का दबाव था। कोई हल न निकलने पर उसने मौत को गले लगाना ही बेहतर समझा, इसलिए उसने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। सूचना के बाद मौके पर पहुंची सकरी पुलिस ने मर्ग कायम कर पोस्टमार्टम के लिए शव को जिला अस्पताल भेज दिया। सरकारे गरीबों और किसानों के हित में तमाम योजनाएं चलाने का दावा करती है, लेकिन सच तो यह है कि अभाव में लोग जान दे रहे हैं और यह खबरें सुर्खियां भी नहीं बटोर पा रही।