बिलासपुर

हाईकोर्ट के संज्ञान के बाद ध्वनि प्रदूषण रोकने अनिवार्य हुआ साउंड लिमिटर मशीन लगाना….डीजे के खिलाफ बड़ी कार्रवाई, कलेक्टर ने जारी किया आदेश

रमेश राजपूत

बिलासपुर – लोक संबोधन प्रणाली अंतर्गत उपयोग आने वाली ध्वनि प्रणालियों में ध्वनि सीमक यंत्र लगाना अनिवार्य किया गया है। ध्वनि सीमक यंत्र ध्वनि प्रणाली का आवश्यक हिस्सा होगा। ध्वनि सीमक यंत्र के बगैर कोई दुकानदार किराये पर ध्वनि प्रणाली वाले उपकरणों को नहीं दे सकेगा। खरीदी बिक्री सहित तमाम स्थापना पर ध्वनि सीमक यंत्र लगाना जरूरी होगा। कलेक्टर ने माननीय उच्च न्यायालय के आदेश के परिपालन में ध्वनि प्रदूषण के रोकथाम के लिए इस आशय का आदेश जारी किया है।

कलेक्टर ने आज जारी आदेश में यह भी कहा है कि सभी अनुज्ञा देने वाले प्रभारी अधिकारी जिसमें कार्यपालिक मजिस्ट्रेट, पुलिस अधिकारी, नगर पालिका परिषद, नगर पंचायत एवं पंचायत सम्मिलित है। यह सुनिश्चित करें कि ध्वनि सीमक यंत्र के बिना कोई भी ध्वनि प्रणाली एवं लोक संबोधन प्रणाली शासकीय एवं गैर शासकीय कार्यक्रमों में स्थापित नहीं किये जाए एवं किराये पर भी नहीं लगाये जाएं। संबंधित एजेंसियों द्वारा सभी अनुज्ञप्तियों में इस शर्त को अनिवार्य रूप सम्मिलित किया जाएं। कलेक्टर ने इस आदेश का कड़ाई से पालन सुनिश्चित किये जाने के निर्देश दिए है।

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