
रमेश राजपूत
जांजगीर-चांपा – पुलिस को बहुचर्चित करही गोलीकांड मामले में बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने ऑपरेशन हंट के तहत हत्या के मुख्य साजिशकर्ता गनपत बघेल 38 वर्ष निवासी ग्राम करही थाना बिर्रा को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी के कब्जे से घटना में प्रयुक्त पिस्टल और मैगजीन भी बरामद की गई है। इससे पहले पुलिस इस मामले में हेमंत बघेल, भूषण बघेल और अमित टंडन को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज चुकी है।पुलिस के अनुसार 23-24 अप्रैल 2026 की दरम्यानी रात ग्राम करही में तीन नकाबपोश बदमाशों ने घर में घुसकर आयुष कश्यप की गोली मारकर हत्या कर दी थी, जबकि उसके छोटे भाई को गंभीर रूप से घायल कर दिया था। घटना के बाद पुलिस, डॉग स्क्वॉड और फॉरेंसिक टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू की।

मामले की जांच के दौरान 200 से अधिक सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए और तकनीकी साक्ष्यों के साथ साइबर व आसूचना टीम लगातार सक्रिय रही। पुलिस ने बताया कि टेकइंट और ह्यूमइंट इनपुट ने पूरे मामले के खुलासे में अहम भूमिका निभाई। पूछताछ में खुलासा हुआ कि हत्या के पीछे आर्थिक प्रतिस्पर्धा, अवैध रेत कारोबार और पुरानी रंजिश मुख्य वजह थी। आरोपी गनपत बघेल अवैध रेत परिवहन का काम करता था और उसने हाईवा व जेसीबी मशीन लोन पर खरीदी थी। वहीं मृतक आयुष कश्यप भी रेत परिवहन और बिक्री के कारोबार से जुड़ा था तथा कम कीमत पर रेत बेचकर ग्राहकों को अपनी ओर कर रहा था।

इससे आरोपी को आर्थिक नुकसान हो रहा था और वह मानसिक रूप से परेशान था। पुलिस के मुताबिक आरोपियों ने सुनियोजित तरीके से वारदात को अंजाम दिया। घटना की रात पहले घर के बाहर लगे सीसीटीवी कैमरे तोड़े गए, फिर मृतक के पिता के कमरे को बाहर से बंद कर आयुष कश्यप पर ताबड़तोड़ फायरिंग की गई। बीच-बचाव करने पहुंचे छोटे भाई को भी गोली मारी गई। फिलहाल पुलिस अन्य आरोपियों की तलाश में जुटी हुई है।