
उदय सिंह
बिलासपुर – कोनी थाना क्षेत्र में अवैध रेत उत्खनन का विरोध करना महिला संगठन की पदाधिकारियों को भारी पड़ गया। रेत घाट की निगरानी कर रही महिलाओं के साथ कथित रूप से मारपीट और अभद्रता किए जाने का मामला सामने आया है। पुलिस ने शिकायत के आधार पर ग्राम कछार के सरपंच पति, बिट्टू और उनके अन्य साथियों के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत अपराध दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मिली जानकारी के अनुसार सिंगारबाड़ी, घुटकू निवासी सावित्री उर्फ मैना लोनिया ने रिपोर्ट दर्ज कराई है कि वह गांव के सशक्त नारी महासंघ महिला संगठन की कोषाध्यक्ष हैं। 10 जून 2026 की रात करीब 10:30 बजे वह संगठन की सदस्य बिलसिया पटेल, धिरजा पटेल, दुरपति साहू, लक्षन केंवट एवं अन्य साथियों के साथ गांव के रेत घाट की रखवाली करने पहुंची थीं।शिकायत में बताया गया है कि इसी दौरान ग्राम कछार के सरपंच पति अपने साथी बिट्टू एवं अन्य लोगों के साथ ट्रैक्टर में रेत भर रहे थे। महिलाओं ने उन्हें अपने गांव के घाट से रेत निकालने और वहां से जाने के लिए कहा। आरोप है कि इस बात से नाराज होकर आरोपियों ने महिलाओं को अश्लील गालियां दीं तथा जान से मारने की धमकी देते हुए हाथ, मुक्कों और डंडों से हमला कर दिया। मारपीट के दौरान बीच-बचाव करने पहुंचे रजत सोनी, उत्तम यादव और छोटा भोई के साथ भी आरोपियों द्वारा मारपीट किए जाने का आरोप लगाया गया है। घटना में सावित्री लोनिया के कंधे, हाथ, गले और सिर पर चोटें आई हैं, जबकि छोटा भोई की उंगली में भी चोट लगी है। कोनी पुलिस ने मामले में सरपंच पति, बिट्टू एवं अन्य आरोपियों के खिलाफ धारा 115(2), 296, 3(5) और 351(3) बीएनएस के तहत अपराध दर्ज कर लिया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।