
रमेश राजपूत
सक्ती – जिले की मालखरौदा पुलिस ने दो अलग-अलग डबल ब्लाइंड मर्डर मामलों का पर्दाफाश कर बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस की जांच में खुलासा हुआ कि वर्ष 2024 में मुक्ता गांव में हुए पति-पत्नी हत्याकांड और हाल ही में सेंदुरस गांव में हुए दोहरे हत्याकांड को एक ही आरोपी जोड़ी ने अंजाम दिया था। पुलिस ने दोनों आरोपियों समेत लूटे गए आभूषण खरीदने वाले सराफा व्यापारी को भी गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के अनुसार 2-3 जून 2026 की दरम्यानी रात मालखरौदा थाना क्षेत्र के सेंदुरस गांव में अपने घर में सो रहे दंपती पुरुषोत्तम खुंटे और गुहरिन बाई खुंटे की निर्मम हत्या कर दी गई थी। अज्ञात बदमाशों ने लोहे की रॉड से सिर और चेहरे पर ताबड़तोड़ वार कर दोनों को मौत के घाट उतार दिया था। घटना के बाद महिला के सोने के आभूषण और नकदी भी गायब थी, जिससे हत्या के साथ लूट की आशंका जताई गई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक प्रफुल्ल ठाकुर के निर्देशन में विशेष टीम गठित की गई। साइबर सेल, डॉग स्क्वॉड, फॉरेंसिक और फिंगरप्रिंट विशेषज्ञों की मदद से जांच शुरू हुई।

पांच दिनों तक लगातार गांव में कैंप कर पुलिस ने मोबाइल टावर डंप, कॉल डिटेल और तकनीकी साक्ष्यों का गहन विश्लेषण किया। जांच के दौरान मृतक पुरुषोत्तम का गायब मोबाइल पुलिस के लिए सबसे बड़ा सुराग साबित हुआ। सीईआईआर पोर्टल और साइबर सर्विलांस की मदद से मोबाइल की लोकेशन खरसिया क्षेत्र में मिली। पुलिस ने पलगड़ा के एक ढाबे से संदिग्ध देवकुमार यादव 33 वर्ष निवासी पंडरीपानी मालखरौदा को हिरासत में लिया। पूछताछ में उसके पास से मृतक का मोबाइल बरामद हुआ। सख्ती से पूछताछ करने पर उसने अपने साथी रूपचरण यादव 40 वर्ष के साथ मिलकर हत्या और लूट की वारदात को अंजाम देना स्वीकार कर लिया। आरोपियों ने बताया कि कुछ समय पहले मोटरसाइकिल खड़ी करने को लेकर पुरुषोत्तम खुंटे से उनका विवाद हुआ था। इसी रंजिश में उन्होंने वारदात की साजिश रची। घटना की रात स्केल पट्टी की मदद से दरवाजा खोलकर घर में घुसे और सो रहे दंपती पर लोहे की रॉड से लगातार वार किए। दोनों की मौत होने के बाद आरोपियों ने घर की तलाशी लेकर नकदी, मोबाइल और महिला के सोने के गहने लूट लिए।

पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से हत्या में प्रयुक्त लोहे की रॉड, खून से सने कपड़े, 77 हजार रुपये नकद, मोटरसाइकिल तथा करीब 14 ग्राम सोना बरामद किया है। जांच में यह भी सामने आया कि लूटे गए गहनों को जैजैपुर के सराफा कारोबारी बाबूलाल साहू को 84 हजार रुपये में बेचा गया था। पुलिस ने व्यापारी को भी गिरफ्तार कर गहने बरामद कर लिए। पूछताछ के दौरान एक और सनसनीखेज खुलासा हुआ। आरोपियों ने कबूल किया कि जून 2024 में मालखरौदा थाना क्षेत्र के मुक्ता गांव में हुए चर्चित दोहरे हत्याकांड को भी उन्होंने ही अंजाम दिया था। उस घटना में मगनलाल गबेल और बुधवारा बाई गबेल की हत्या कर घर से आभूषण लूटे गए थे। उस समय यह मामला पुलिस के लिए ब्लाइंड मर्डर बना हुआ था।लगातार तकनीकी जांच, साइबर विश्लेषण और सटीक पुलिसिंग के दम पर सक्ती पुलिस ने दो वर्षों में हुए दो अलग-अलग डबल ब्लाइंड मर्डर मामलों की गुत्थी सुलझाकर चार हत्याओं के आरोपियों को सलाखों के पीछे पहुंचा दिया है। इस बड़ी सफलता पर पुलिस महानिरीक्षक रामगोपाल गर्ग ने पूरी टीम के लिए नगद पुरस्कार की घोषणा की है। यह कार्रवाई सक्ती पुलिस की अब तक की सबसे महत्वपूर्ण उपलब्धियों में से एक मानी जा रही है।