
रमेश राजपूत
बिलासपुर – तोरवा क्षेत्र के छठ घाट स्थित मुक्तिधाम में पालतू कुत्ते का अंतिम संस्कार किए जाने का मामला सामने आने के बाद विवाद खड़ा हो गया है। घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय लोगों में आक्रोश फैल गया। लोगों ने इसे धार्मिक परंपराओं और मुक्तिधाम की मर्यादा के विपरीत बताते हुए विरोध जताया। मामले की शिकायत वार्ड पार्षद के माध्यम से तोरवा थाने में की गई, जिसके बाद पुलिस जांच में जुट गई है।तोरवा थाना प्रभारी रजनीश सिंह ने बताया कि क्षेत्र के एक परिवार का पालतू कुत्ता गुरुवार को मर गया था। कुत्ते की मौत के बाद परिवार उसे छठ घाट स्थित मुक्तिधाम लेकर पहुंचा।

वहां मौजूद एक युवक से बातचीत कर परिवार ने कुत्ते का अंतिम संस्कार करने की बात कही। युवक ने पहले भी पालतू जानवरों का अंतिम संस्कार करने की जानकारी देते हुए रुपये लेकर कुत्ते का दाह संस्कार मुक्तिधाम में कर दिया। घटना की भनक लगते ही आसपास के लोगों ने इसका विरोध शुरू कर दिया। लोगों का कहना है कि मुक्तिधाम केवल मानव शवों के अंतिम संस्कार के लिए है और वहां पालतू पशु का दाह संस्कार करना परंपराओं के खिलाफ है।

विरोध बढ़ने पर पार्षद ने पुलिस को लिखित शिकायत सौंपी। पुलिस ने प्रारंभिक जांच शुरू कर दी है। जांच में पता चला है कि कुत्ते का दाह संस्कार कराने वाला युवक घटना के बाद से फरार है। वहीं, संबंधित परिवार की भी पहचान और भूमिका की जानकारी जुटाई जा रही है। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद तथ्यों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।