
रमेश राजपूत
सक्ती – जिले के जैजैपुर थाना क्षेत्र में नाबालिग बालिका से दुष्कर्म और उसके बाद टांगी से जानलेवा हमला करने के सनसनीखेज मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को घटना के कुछ ही घंटों के भीतर गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। महिला एवं बालिका संबंधी गंभीर अपराधों के प्रति संवेदनशीलता दिखाते हुए जैजैपुर पुलिस ने तेजी से कार्रवाई कर आरोपी को सलाखों के पीछे पहुंचा दिया। पुलिस के अनुसार, प्रार्थी ने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई कि 5 अगस्त 2026 की रात आरोपी उमेश कुमार पलांगे 32 वर्ष ने उसकी नाबालिग भतीजी के घर में घुसकर जबरन दुष्कर्म किया। पीड़िता द्वारा विरोध करने पर आरोपी ने हाथ में रखी टांगी से उसके चेहरे, सिर और गले पर ताबड़तोड़ प्राणघातक वार कर दिए। गंभीर रूप से घायल बालिका को उपचार के लिए बिलासपुर स्थित सिम्स अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसका इलाज जारी है। घटना की गंभीरता को देखते हुए जैजैपुर थाना में अपराध क्रमांक 200/2026 के तहत बीएनएस की धारा 131(7), 64(1), 109(1) तथा पॉक्सो एक्ट की धारा 4 के अंतर्गत मामला दर्ज किया गया। मामले की जानकारी तत्काल पुलिस अधीक्षक प्रफुल्ल कुमार ठाकुर, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक पंकज पटेल तथा एसडीओपी डॉ. भुनेश्वरी पैंकरा को दी गई। वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर थाना प्रभारी निरीक्षक राकेश कुमार राठौर के नेतृत्व में विशेष टीम गठित कर आरोपी की तलाश शुरू की गई। पुलिस ने घेराबंदी कर आरोपी को उसके ठिकाने से पकड़ लिया। पूछताछ के दौरान आरोपी ने अपराध स्वीकार कर लिया। पुलिस ने घटना में प्रयुक्त खून से सनी टांगी भी बरामद कर जब्त कर ली।
आरोपी को 6 अगस्त की देर रात गिरफ्तार किया गया। देर रात होने के कारण 7 अगस्त को उसे न्यायालय में पेश किया गया, जहां से न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया। इस पूरी कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक राकेश कुमार राठौर, प्रधान आरक्षक परमानंद घृतलहरे, प्रधान आरक्षक सुरेन्द्र खांडेकर, आरक्षक अरुण चंद्रा और आरक्षक विजय कुर्रे की महत्वपूर्ण भूमिका रही।