
उदय सिंह
बिलासपुर – सीपत थाना क्षेत्र के ग्राम देवरी स्थित श्मशानघाट में शुक्रवार देर रात उस समय हड़कंप मच गया, जब ग्रामीणों ने चार लोगों को संदिग्ध तरीके से पूजा-पाठ और कथित तंत्र साधना करते देखा। देर रात श्मशानघाट में लोगों की गतिविधियां देखकर ग्रामीणों को संदेह हुआ। काफी देर तक निगरानी करने के बाद ग्रामीण समूह में मौके पर पहुंचे। ग्रामीणों को देखते ही वहां मौजूद चारों लोग भागने लगे। ग्रामीणों ने पीछा कर एक युवक को पकड़ लिया, जबकि तीन अन्य मौके से फरार हो गए। पकड़े गए युवक को बाद में सीपत पुलिस के सुपुर्द कर दिया गया।
मौके की तलाशी लेने पर ग्रामीणों को कथित तांत्रिक क्रिया में इस्तेमाल होने वाली कई सामग्री मिली। इनमें मछली, नींबू, सिंदूर और अन्य पूजा सामग्री के अलावा हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस की तस्वीर तथा दो युवकों के फोटो भी मिले। श्मशानघाट में इस तरह की सामग्री और तस्वीरें मिलने से ग्रामीणों में हड़कंप मच गया। घटना की जानकारी फैलते ही पूरे गांव में तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गईं।
जेल में बंद युवक की जमानत के लिए अजीब तरकीब
प्रारंभिक पूछताछ में जो जानकारी सामने आई है, उसके मुताबिक पकड़ा गया युवक ऋषिकेश कुमार बताया जा रहा है। वह चाकूबाजी के मामले में जेल में बंद आरोपी प्रियांशु बोले का रिश्तेदार बताया जा रहा है। प्रियांशु को कुछ समय पहले तोरवा पुलिस ने चाकूबाजी के मामले में गिरफ्तार कर जेल भेजा था। फिलहाल उसकी जमानत के लिए हाई कोर्ट में आवेदन लंबित बताया जा रहा है।
बताया जा रहा है कि प्रियांशु के रिश्तेदार सोशल मीडिया के जरिए एक कथित तांत्रिक के संपर्क में आए थे। कथित तांत्रिक ने उन्हें भरोसा दिलाया कि श्मशानघाट में विशेष तांत्रिक क्रिया करने से जेल में बंद युवक को जमानत मिल सकती है। इसके बाद चार लोग कथित तंत्र साधना के लिए देवरी के श्मशानघाट पहुंचे थे।
ग्रामीणों की सतर्कता से खुला मामला
देर रात श्मशानघाट में संदिग्ध गतिविधियां देखकर ग्रामीणों ने तत्काल शोर मचाने के बजाय पहले निगरानी की। जब उन्हें गतिविधियां संदिग्ध लगीं तो वे समूह में मौके पर पहुंचे। ग्रामीणों को देखते ही चारों लोग भाग निकले। पीछा करने पर ऋषिकेश कुमार ग्रामीणों के हाथ लग गया। तीन अन्य आरोपी अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गए।ग्रामीणों ने पकड़े गए युवक को सीपत पुलिस के हवाले कर दिया। पुलिस उससे पूछताछ कर रही है। साथ ही मौके से बरामद पूजा सामग्री और तस्वीरों के संबंध में भी जानकारी जुटाई जा रही है। पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि कथित तंत्र साधना के पीछे कौन लोग थे और सोशल मीडिया के जरिए इन लोगों का संपर्क किस व्यक्ति से हुआ था।फिलहाल श्मशानघाट में हुई इस कथित तंत्र साधना ने पूरे इलाके में कौतूहल पैदा कर दिया है। जमानत जैसे कानूनी मामले में तंत्र साधना का सहारा लेने और उसमें हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस की तस्वीर रखे जाने की बात सामने आने से मामला बेहद हैरतअंगेज बन गया है। पुलिस की जांच के बाद ही पूरे घटनाक्रम और इसमें शामिल अन्य लोगों की भूमिका स्पष्ट हो सकेगी।