
रमेश राजपूत
बिलासपुर -अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस के अवसर पर सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत गुरुवार को पं. देवकीनंदन दीक्षित सभागृह में वरिष्ठ नागरिकों के सम्मान में गरिमामय समारोह आयोजित किया गया। विधायक धरमलाल कौशिक के मुख्य आतिथ्य और कलेक्टर संजय अग्रवाल की उपस्थिति में वरिष्ठजनों को शॉल, श्रीफल एवं पुष्पमाला भेंटकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में वरिष्ठ नागरिकों के स्वास्थ्य, अधिकारों और कल्याण से जुड़े विषयों पर जागरूकता के साथ मनोरंजक एवं सांस्कृतिक गतिविधियां भी आयोजित की गईं। विधायक धरमलाल कौशिक ने कहा कि जिस तरह माता-पिता का सम्मान किया जाता है, उसी भावना के साथ समाज के प्रत्येक बुजुर्ग का सम्मान होना चाहिए। वरिष्ठजनों के पास जीवन का व्यापक अनुभव है, जिससे नई पीढ़ी को सीख और प्रेरणा मिलती है। उन्होंने कहा कि बुजुर्गों के प्रति संवेदनशीलता और सम्मान भारतीय सामाजिक एवं पारिवारिक संस्कृति का महत्वपूर्ण हिस्सा है। महापौर पूजा विधानी और क्रेडा अध्यक्ष भूपेंद्र सवन्नी ने वरिष्ठ नागरिकों को समाज की अमूल्य धरोहर बताते हुए उनके सम्मान, संरक्षण और देखभाल को सामूहिक जिम्मेदारी बताया। जिला पंचायत अध्यक्ष राजेश सूर्यवंशी और छत्तीसगढ़ पाठ्य पुस्तक निगम के अध्यक्ष राजा पाण्डेय भी कार्यक्रम में विशेष रूप से उपस्थित रहे।
500 से अधिक वरिष्ठजनों की स्वास्थ्य जांच

कार्यक्रम की शुरुआत वरिष्ठ नागरिकों के पंजीयन और स्वास्थ्य परीक्षण से हुई। आयुष विभाग के चिकित्सकों ने 500 से अधिक वरिष्ठजनों की जांच कर निःशुल्क दवाइयां वितरित कीं। होम्योपैथी सहित विभिन्न चिकित्सा पद्धतियों के विशेषज्ञों ने परामर्श और उपचार उपलब्ध कराया। स्लम स्वास्थ्य योजना की मोबाइल मेडिकल यूनिट से शुगर, ब्लड प्रेशर सहित अन्य आवश्यक जांच की गई। जिला पुनर्वास केंद्र की ओर से विशेष आवश्यकता वाले वरिष्ठजनों को श्रवण यंत्र, छड़ी, नी-कैप और कमर बेल्ट जैसे सहायक उपकरण वितरित किए गए। फिजियोथेरेपी और ऑक्यूपेशनल थेरेपी के स्टॉल पर वरिष्ठजनों को उपचार और उपयोगी जानकारी दी गई।
कानूनी अधिकारों की भी दी जानकारी
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव अनिल कुमार चौहान ने माता-पिता एवं वरिष्ठ नागरिकों के भरण-पोषण से जुड़े कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी। बीके विकास ने संगीत के माध्यम से स्वस्थ तन-स्वस्थ मन और सकारात्मक सोच का संदेश दिया। संयुक्त संचालक तिलकेश भावे ने वरिष्ठ नागरिकों के कल्याण के लिए संचालित अधिनियम और विभागीय योजनाओं की जानकारी दी।
समारोह में गीत-संगीत और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने माहौल को खुशनुमा बना दिया। गुरु घासीदास विश्वविद्यालय के एनएसएस छात्र-छात्राओं ने वरिष्ठजनों की सहायता और व्यवस्थाओं में सक्रिय भूमिका निभाई। कार्यक्रम में स्वास्थ्य एवं आयुष विभाग के चिकित्सक, समाज कल्याण विभाग के अधिकारी-कर्मचारी, वरिष्ठ नागरिक एवं पेंशनर्स संगठनों के पदाधिकारी और बड़ी संख्या में वरिष्ठजन मौजूद रहे।