
रमेश राजपूत
बिलासपुर – बिल्हा थाना क्षेत्र के ग्राम सेवती में बिजली के टूटे तार की चपेट में आने से एक किसान की दर्दनाक मौत हो गई। हादसे के बाद किसान की लाश पांच दिनों तक खेत में पड़ी रही। परिजन उसे लापता समझकर तलाश करते रहे और थाने में गुमशुदगी भी दर्ज कराई थी। 5 अक्टूबर को बिजली लाइन की मरम्मत करने पहुंचे कर्मचारियों ने खेत में शव देखा, तब हादसे का खुलासा हुआ। मिली जानकारी के अनुसार ग्राम सेवती निवासी कमलदास मानिकपुरी 30 सितंबर की सुबह अपनी फसल देखने के लिए खेत की ओर निकले थे। इसके बाद वह देर शाम तक घर वापस नहीं लौटे। परिजनों ने आसपास के इलाकों और खेतों में उनकी तलाश की, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। काफी तलाश के बाद परिजनों ने बिल्हा थाने पहुंचकर कमलदास की गुमशुदगी दर्ज कराई। पुलिस भी उनकी तलाश में जुट गई थी।
इसी बीच 5 अक्टूबर को बिजली विभाग के कर्मचारी 11 केवी लाइन में मरम्मत कार्य के लिए खेत क्षेत्र में पहुंचे। इसी दौरान उनकी नजर खेत में औंधे मुंह पड़े एक व्यक्ति के शव पर पड़ी। सूचना मिलने पर बिल्हा पुलिस मौके पर पहुंची। जांच के दौरान मृतक की पहचान गुमशुदा कमलदास मानिकपुरी के रूप में हुई। पुलिस ने शव का पंचनामा कर पोस्टमार्टम कराया और बाद में शव परिजनों को सौंप दिया। प्रारंभिक जानकारी में सामने आया है कि 11 केवी बिजली लाइन का तार टूटकर खेत में गिरा था, जिसकी चपेट में आने से कमलदास की मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद परिवार में मातम पसरा है। परिजनों ने बिजली लाइन की स्थिति और रखरखाव व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए जिम्मेदारों पर कार्रवाई की मांग की है। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।