
रमेश राजपूत
बिलासपुर – कोटा थाना क्षेत्र के ग्राम नेवसा में जमीन गिरवी रखने के नाम पर धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। आरोप है कि एक व्यक्ति ने डेढ़ लाख रुपये में एक एकड़ जमीन गिरवी रखी, लेकिन रजिस्टर्ड लिखापढ़ी कराने के बहाने जमीन मालिक से मुख्तियारनामा तैयार करवा लिया। इसके बाद जमीन को किसी अन्य व्यक्ति के हाथों बेच दिया। जमीन की बिक्री की जानकारी मिलने पर पीड़ित ने पुलिस से शिकायत की, लेकिन कार्रवाई नहीं होने पर न्यायालय की शरण ली। न्यायालय के आदेश पर कोटा पुलिस ने आरोपी और उसके सहयोगियों के खिलाफ अपराध दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
गिरवी रखने के नाम पर लिया मुख्तियारनामा
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, ग्राम नेवसा निवासी केदारनाथ यादव 51 वर्ष ने अपनी एक एकड़ जमीन शिव विहार महमंद निवासी संजय शर्मा 40 वर्ष के पास डेढ़ लाख रुपये में गिरवी रखी थी। आरोप है कि संजय शर्मा ने जमीन गिरवी रखने के संबंध में रजिस्टर्ड लिखापढ़ी कराने की बात कही और इसी बहाने केदारनाथ यादव से जमीन का मुख्तियारनामा तैयार करवा लिया। पीड़ित को भरोसा था कि जमीन केवल गिरवी रखी जा रही है और निर्धारित रकम मिलने के बाद जमीन वापस मिल जाएगी। लेकिन आरोप है कि संजय शर्मा ने मुख्तियारनामा का दुरुपयोग करते हुए उक्त जमीन को चांपा के सोनारपारा निवासी अजय कुमार सोनी के पास बेच दिया।
न्यायालय के आदेश पर दर्ज हुआ मामला
जमीन की बिक्री की जानकारी मिलने के बाद केदारनाथ यादव ने कोटा थाने में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस द्वारा उन्हें न्यायालय में परिवाद प्रस्तुत करने की सलाह दी गई। इसके बाद पीड़ित ने न्यायालय में शिकायत दर्ज कराई और पूरे मामले की जांच कर कार्रवाई की मांग की।
न्यायालय के आदेश के बाद कोटा पुलिस ने संजय शर्मा और अन्य आरोपियों के खिलाफ बीएनएस की धारा 318, 338, 336(3), 314 और 3(5) के तहत अपराध दर्ज किया है।
पुलिस ने मामले को जांच में लेते हुए जमीन के दस्तावेजों, मुख्तियारनामा और कथित बिक्री से जुड़े तथ्यों की पड़ताल शुरू कर दी है। जांच के बाद मामले में आगे की कार्रवाई की जाएगी।